sad poetry in hindi

sad poetry in hindi on love | sad poetry in hindi | इन दिनों तेरी यादें कुछ कम आने लगी है

sad poetry in hindi on love

इन दिनों तेरी यादें कुछ कम आने लगी है

इन दिनों तेरी यादें कुछ कम आने लगी है
लगता है वो हाथ अपना मुझसे छुड़ाने लगी है

मैंने मांगा ही क्या था सिर्फ़ साथ उम्रभर का
इस पर भी वो अब बहाने बनाने लगी है

जो कभी सुकून पहुंचाती थी तेरे देस ले जाती थी
वो ही यादें इन दिनों मेरा दिल दुखाने लगी है

अब वो हो रही है धीरे धीरे दूर मुझसे यारा
अब वो धीरे धीरे तेरा चेहरा भी भुलाने लगी है

चुराने लगी है तेरे किस्से,तेरी कहानियां मुझसे
और मेरी तन्हाईयां दिन ब दिन बढ़ाने लगी है

उनकी बेरूखी और नजरंदाज करना मुझको
आजकल उनकी ये अदा भी रास आने लगी है

sad poetry in hindi on love
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