sad poetry in hindi

sad poetry in hindi on love | sad poetry in hindi | ये सच है की मैं तेरी मोहब्बत को झूठला नही पाता

sad poetry in hindi on love

ये सच है की मैं तेरी मोहब्बत को झूठला नही पाता

ये सच है की मैं तेरी मोहब्बत को झूठला नही पाता
मगर दुनिया को भी तेरी बेवफाई बता नही पाता
किस तरह तू छोड़ गया किसी ओर के लिए मुझे
ये वो किस्सा है मेरी जिंदगी का जो मैं किसी को सुना नहीं पाता

मेरे आंसुओं में लोग पढ़ लेते है नाम तेरा
मैं चाहकर भी तेरी मोहब्बत को दिल में दफना नही पाता
आज भी तेरी तस्वीर देखकर खो जाता हूं पुराने दिनों में
आज भी तेरे ख्यालों में डूबने से खुद को बचा नही पाता

हमेशा छिड़ी रहती है जंग तेरी बेवफाई और मेरी मोहब्बत के बीच
मैं उन दोनो के रिश्ते को कभी सुलझा नहीं पाता
तुमने दिए थे जो दो परिंदे तोहफे में मुझको
मैं भला क्यूं आज भी उनको उड़ा नही पाता

ये सच है की मैं तेरी मोहब्बत को झूठला नही पाता
मगर दुनिया को भी तेरी बेवफाई बता नही पाता

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